
CBI Raid: भगवंत मान के चंडीगढ़ कैंप ऑफिस समेत कई ठिकानों पर छापेमारी, OSD राजबीर घुमन से जुड़ी जांच
चंडीगढ़ में पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान के सेक्टर-2 स्थित कैंप ऑफिस और उनके OSD राजबीर सिंह घुमन से जुड़े ठिकानों पर मंगलवार को CBI ने छापेमारी की। यह कार्रवाई पंजाब सरकार से जुड़े कथित भ्रष्टाचार के मामले में पंजाब और हरियाणा हाईकोर्ट के निर्देश के बाद की गई। घुमन के आवास और मोहाली में उनके एक करीबी रिश्तेदार से जुड़े ठिकाने पर भी टीम पहुंची।
रिपोर्टों के अनुसार CBI ने मामले में FIR दर्ज कर जांच शुरू की है। टीम सुरक्षा बलों के साथ मुख्यमंत्री के कैंप ऑफिस पहुंची और संबंधित दस्तावेजों तथा मामले से जुड़े रिकॉर्ड की जांच की।
यह मामला ED की ओर से पंजाब सरकार के अधिकारियों और मुख्यमंत्री कार्यालय से जुड़े कुछ लोगों के खिलाफ लगाए गए कथित भ्रष्टाचार के आरोपों से जुड़ा है। आरोपों में ट्रांसफर-पोस्टिंग में कथित लेनदेन, नीतिगत फैसलों और सरकारी टेंडरों को प्रभावित करने, गोपनीय दस्तावेजों तक पहुंच तथा सरकारी काम में अनुचित हस्तक्षेप जैसी बातें शामिल हैं।
ED की ओर से दी गई जानकारी में राजबीर सिंह घुमन के अलावा नितिन गोहल और बीर देविंदर के नाम भी सामने आए थे। जांच एजेंसी के आरोपों के मुताबिक नितिन गोहल कथित तौर पर सरकारी काम कराने के इच्छुक लोगों और राजबीर घुमन के बीच संपर्क कराने वाले व्यक्ति की भूमिका में था। ये सभी आरोप जांच के अधीन हैं।
पंजाब और हरियाणा हाईकोर्ट ने 5 अक्टूबर को CBI को FIR दर्ज कर जांच करने का निर्देश दिया था। अदालत के सामने रखी सामग्री के आधार पर मामले की जांच जरूरी बताई गई, लेकिन कोर्ट ने आरोपों को अंतिम रूप से सही नहीं ठहराया था।
यह आदेश एक जनहित याचिका पर सुनवाई के दौरान आया। याचिका में आरोप लगाया गया था कि ED की जानकारी मिलने के बाद भी FIR और प्रभावी जांच को लेकर पर्याप्त कार्रवाई नहीं हुई। हाईकोर्ट ने CBI को निष्पक्ष व पारदर्शी जांच कर निर्धारित समय में स्टेटस रिपोर्ट देने का निर्देश दिया।
हाईकोर्ट के आदेश के खिलाफ पंजाब सरकार ने सुप्रीम कोर्ट का रुख किया है और CBI जांच संबंधी निर्देश को चुनौती देने वाली SLP दायर की है। सुप्रीम कोर्ट में इस मामले की आगे की कार्रवाई पर नजर बनी हुई है।
मुख्यमंत्री भगवंत मान ने CBI की कार्रवाई को राजनीतिक बताया है। उन्होंने आरोप लगाया कि आगामी विधानसभा चुनावों को देखते हुए केंद्र की जांच एजेंसियों का इस्तेमाल उनकी सरकार और उनकी छवि को नुकसान पहुंचाने के लिए किया जा रहा है। यह मुख्यमंत्री और आम आदमी पार्टी की ओर से लगाया गया राजनीतिक आरोप है।
अब CBI कथित लेनदेन, दस्तावेजों, सरकारी फैसलों और संबंधित संपर्कों की जांच करेगी। फिलहाल आरोपों की सत्यता जांच और कानूनी प्रक्रिया के जरिए तय होना बाकी है तथा मामले की जांच जारी है।






